उत्तराखंड में शुरू होने जा रही चारधाम यात्रा को लेकर सरकार ने तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। इस बार प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और श्रद्धालुओं के लिए सहज बनाना है।
राज्य के लोक निर्माण एवं पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर यात्रा मार्गों की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि जिन क्षेत्रों में हर साल भूस्खलन और जलभराव की समस्या सामने आती है, वहां विशेष निगरानी रखी जा रही है। डबराड़ी और भटवाड़ी जैसे इलाकों में जल प्रवाह को नियंत्रित करने के लिए चैनलाइजेशन के निर्देश जारी किए गए हैं।
सुरक्षा के लिहाज से दुर्घटना संभावित स्थानों की पहचान कर ली गई है और इन ब्लैक स्पॉट्स पर आधुनिक तकनीक की मदद से निगरानी रखी जाएगी। वहीं, यात्रियों की सुविधा के लिए पेट्रोल पंप और होटलों में मुफ्त शौचालय और पेयजल उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं।
सरकार का कहना है कि इस बार चारधाम यात्रा में व्यवस्थाओं को पहले से अधिक मजबूत किया गया है, जिससे श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
