रुड़की | संवाददाता: अरशद हुसैन
हरिद्वार जिले के रुड़की ब्लॉक अंतर्गत माधोपुर हजरतपुर ग्राम पंचायत में विकास कार्यों को लेकर गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। ग्रामीणों की शिकायत के बाद प्रशासन और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की, जिसमें कई चौंकाने वाली खामियां उजागर हुईं।
जांच में क्या मिला?
जांच के दौरान स्थिति उस समय और गंभीर हो गई जब संबंधित अधिकारी गांव में कराए गए सड़कों के निर्माण का स्पष्ट विवरण तक नहीं दे सके। अधिकारी यह बताने में भी असमर्थ रहे कि किन-किन स्थानों पर सड़कें बनाई गई हैं। इससे पूरे मामले में पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं।
32 विकास कार्यों में गड़बड़ी का आरोप
ग्रामीण आदिल द्वारा की गई शिकायत के आधार पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। शिकायत में कुल 32 विकास कार्यों में धांधली के आरोप लगाए गए हैं। इनमें प्रमुख रूप से:
सड़क निर्माण
खेतों में पाइपलाइन बिछाना
नाला खुदाई
तालाब सौंदर्यीकरण
जैसे कार्य शामिल हैं।
अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची
तहसीलदार विकास अवस्थी और खंड विकास अधिकारी सुमन दत्त कुटियाल अपनी टीम के साथ गांव पहुंचे और जमीनी स्तर पर सत्यापन शुरू किया। हालांकि, पर्याप्त जानकारी और दस्तावेजों के अभाव में टीम फिलहाल केवल 9 कार्यों की ही जांच कर सकी।
एक सप्ताह में मांगा पूरा विवरण
मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे एक सप्ताह के भीतर सभी विकास कार्यों का पूरा विवरण उपलब्ध कराएं। इसके बाद ही जांच की अंतिम रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते जांच नहीं होती, तो सरकारी धन का दुरुपयोग सामने नहीं आ पाता। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जो यह तय करेगी कि गांव में वास्तव में विकास हुआ है या केवल कागजों में ही काम दिखाया गया है।
निष्कर्ष
रुड़की के इस मामले ने एक बार फिर विकास कार्यों की निगरानी और पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होगी।
