रिपोर्ट – भगवान सिंह
पौड़ी जनपद में गुलदार का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। ताजा मामला उत्तराखंड के वन मंत्री Subodh Uniyal के पैतृक गांव औणी से सामने आया है, जहां गुलदार ने एक महिला पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है।
जानकारी के अनुसार घटना रविवार शाम करीब 7 बजे की है। गांव निवासी विनीता देवी (45), पत्नी किशोर कुमार, पड़ोस के घर से दूध लेकर वापस अपने घर लौट रही थीं। इसी दौरान गांव के पास गदेरे में घात लगाए बैठे गुलदार ने अचानक उन पर हमला कर दिया।
महिला की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और शोर मचाया, जिसके बाद गुलदार जंगल की ओर भाग गया। ग्रामीणों की सतर्कता के चलते एक बड़ा हादसा टल गया।
पूर्व ग्राम प्रधान गीता देवी ने बताया कि यदि ग्रामीण समय पर मौके पर नहीं पहुंचते, तो महिला की जान भी जा सकती थी। घायल विनीता देवी को तत्काल मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
घटना के बाद गांव के लोगों में भारी डर और आक्रोश देखने को मिल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में लगातार गुलदार के हमले बढ़ रहे हैं, लेकिन वन विभाग सिर्फ औपचारिक कार्रवाई तक सीमित नजर आ रहा है।
लोगों का कहना है कि जब वन मंत्री के गांव तक लोग सुरक्षित नहीं हैं, तो आम ग्रामीणों की सुरक्षा का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है।
गढ़वाल वन प्रभाग के डीएफओ Mahatim Yadav ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि वन विभाग की टीम को गांव में तैनात कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक से बातचीत कर गुलदार को आदमखोर घोषित किए जाने का अनुरोध भी किया गया है, ताकि आगे किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।
उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में पिछले कुछ समय से गुलदार के हमलों में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में शाम होते ही लोगों में डर का माहौल बन जाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि जंगलों में घटते संसाधन और मानव बस्तियों का विस्तार भी वन्यजीवों के गांवों की ओर आने की बड़ी वजह बन रहा है।
