गंगा दशहरा के पावन अवसर पर धर्मनगरी हरिद्वार में आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिल रहा है। हरकी पैड़ी समेत विभिन्न गंगा घाटों पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। देश के अलग-अलग हिस्सों से पहुंचे श्रद्धालु मां गंगा में आस्था की डुबकी लगाकर पूजा-अर्चना कर रहे हैं।
मान्यता है कि गंगा दशहरा के दिन मां गंगा में स्नान करने से व्यक्ति के पापों का नाश होता है और जीवन में सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन गंगा स्नान और दान-पुण्य का फल कई गुना बढ़ जाता है। यही कारण है कि हर साल गंगा दशहरा पर हरिद्वार में श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को मां गंगा मानव कल्याण के लिए पृथ्वी लोक पर अवतरित हुई थीं। इसी पावन अवसर को गंगा दशहरा के रूप में मनाया जाता है।
श्रद्धालु इस दिन विशेष पूजा-अर्चना कर मां गंगा से सुख, शांति और समृद्धि की कामना करते हैं। घाटों पर भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों का माहौल भक्तिमय वातावरण बना रहा है।
गंगा दशहरा स्नान को देखते हुए हरिद्वार पुलिस और प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर विभिन्न घाटों और प्रमुख चौराहों पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
स्थानीय प्रशासन लगातार घाटों की निगरानी कर रहा है ताकि श्रद्धालुओं को स्नान के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। पुलिस अधिकारियों द्वारा लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को सतर्कता और सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील भी की जा रही है।
हरकी पैड़ी पर गूंजते गंगा मैया के जयकारों और भक्तों की भीड़ ने पूरे हरिद्वार को भक्तिमय बना दिया है। श्रद्धालुओं का कहना है कि गंगा दशहरा पर हरिद्वार में स्नान करना उनके लिए बेहद खास और आध्यात्मिक अनुभव होता है।
