उत्तराखंड के देहरादून में एलपीजी गैस सिलेंडर की कालाबाजारी को लेकर जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। जिलाधिकारी सविन बंसल ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि इस गोरखधंधे में शामिल पाए जाने पर गैस एजेंसी संचालकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें सीधे जेल भेजा जाएगा।
समीक्षा बैठक में लिए गए अहम फैसले
कलेक्ट्रेट स्थित ऋषिपर्णा सभागार में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि:
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सभी गैस एजेंसियों पर QRT (क्विक रिस्पॉन्स टीम) तैनात की जाए
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एजेंसियों की हर गतिविधि पर कड़ी निगरानी रखी जाए
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कालाबाजारी की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई की जाए
बैकलॉग पर सख्ती, ऑनलाइन अपडेट अनिवार्य
बैठक में बढ़ते बैकलॉग पर नाराजगी जताते हुए डीएम ने निर्देश दिए कि:
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25,000 मैन्युअल गैस वितरण एंट्री को तुरंत ऑनलाइन अपडेट किया जाए
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25 और 45 दिन की एडवांस बुकिंग का अलग-अलग विवरण प्रस्तुत किया जाए
इस कदम से पारदर्शिता बढ़ाने और उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
अब तक की कार्रवाई
जिला प्रशासन की सख्त कार्रवाई के तहत:
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5 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं
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3 आरोपियों को जेल भेजा गया है
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150 घरेलू, 139 व्यवसायिक और 7 छोटे सिलेंडर जब्त किए गए हैं
इसके अलावा, छापेमारी में पकड़े गए सिलेंडरों को संबंधित एजेंसियों से ट्रेस कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
OTP आधारित डिलीवरी सिस्टम लागू
प्रशासन ने गैस वितरण प्रणाली को पारदर्शी बनाने के लिए OTP आधारित होम डिलीवरी सिस्टम लागू किया है। इससे:
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एजेंसियों पर भीड़ कम होगी
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कालाबाजारी पर रोक लगेगी
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कानून व्यवस्था बेहतर बनी रहेगी
