विकासनगर: जन संघर्ष मोर्चा ने आयुष्मान भारत योजना के तहत मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं को लेकर भी सवाल उठाए हैं। संगठन का आरोप है कि कुछ मामलों में लाभार्थियों को योजना के बावजूद अतिरिक्त भुगतान करने के लिए कहा जाता है, जिससे गरीब और जरूरतमंद परिवारों पर आर्थिक बोझ बढ़ता है।
मोर्चा अध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि आयुष्मान योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। यदि किसी भी स्तर पर योजना के नियमों का उल्लंघन हो रहा है तो इसकी गंभीरता से जांच होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सरकार को अस्पतालों में आयुष्मान योजना के तहत हुए उपचारों का समय-समय पर ऑडिट कराना चाहिए। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि मरीजों को योजना का पूरा लाभ मिल रहा है या नहीं।
संगठन ने मांग की है कि आयुष्मान योजना से संबंधित शिकायतों के लिए एक प्रभावी और त्वरित शिकायत निवारण तंत्र विकसित किया जाए, ताकि मरीजों को समय पर न्याय मिल सके।
