रिपोर्टर – नितिन अग्रवाल
कोटद्वार में सुखरौ देवी मंदिर को लेकर चल रहे विवाद में अब नया मोड़ आ गया है। न्यायालय के आदेश के बाद उपजिलाधिकारी ने मंदिर के संचालन की जिम्मेदारी फिर से मंदिर समिति को सौंपते हुए चाबी उन्हें सुपुर्द कर दी है।
मंदिर समिति के अध्यक्ष राजाराम अण्थ्वाल ने जानकारी देते हुए बताया कि 11 नवंबर को प्रशासन द्वारा बिना समिति का पक्ष सुने मंदिर के वाचनालय, पुस्तकालय और दान पात्र को सीज कर दिया गया था। इस कार्रवाई के खिलाफ समिति ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
मामले की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने मंदिर समिति का पक्ष सुना और प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मंदिर के संचालन की जिम्मेदारी पुनः समिति को सौंपने के निर्देश दिए।
न्यायालय के आदेश के अनुपालन में उपजिलाधिकारी ने आगे बढ़ते हुए मंदिर की चाबी समिति को सौंप दी है। इस फैसले के बाद मंदिर समिति और स्थानीय लोगों में खुशी का माहौल है और उन्होंने न्यायालय के इस निर्णय का स्वागत किया है।
